Friday, January 27, 2023
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About Lalit Modi Family ..दादा ने बसाया था एक शहर modinagar

• सौतेली बेटी है डाबर समूह की बहू
• सुष्मिता सेन के साथ रिश्ते का खुलासा करके चर्चा में आए ललित मोदी
•गुजरमल को अंग्रेज सरकार ने रायबहादुर की उपाधि से नवाजा था

: अतुल्य लोकतंत्र के लिए वरिष्ठ पत्रकार दीपक शर्मा शक्ति की एक रिपोर्ट •••

सुष्मिता सेन के साथ रिश्ते का खुलासा करके चर्चा में आए ललित मोदी ने नया पोस्ट किया है। इस पोस्ट में उन्होंने खुद को ट्रोल किए जाने पर नाराजगी जाताई है। उन्होंने bcci से लेकर मीडिया तक कई लोगों पर निशाना साधा है। इन सब के बीच ललित मोदी की संपत्ति, लग्जरी लाइफ और उनके परिवार को लेकर भी चर्चा हो रही है। आइये ललित मोदी के परिवार के बारे में जानते हैं।

सौतेली मां के सम्मान में दादा ने बदला था अपना नाम
कहानी 1902 से शुरू होती है। जब हरियाणा के महेंद्रगढ़ के मारवाड़ी परिवार में राम प्रसाद मोदी का जन्म हुआ। राम प्रसाद के जन्म के महज छह दिन बाद उनकी मां चांदी देवी का निधन हो गया। चांदी के निधन के बाद राम प्रसाद के पिता मुल्तानी मल ने गुजरी देवी से तीसरा विवाह किया। गुजरी देवी ने राम प्रसाद का पालन पोषण किया। राम प्रसाद का अपनी सौतेली मां से इतना लगाव था कि उन्होंने अपना नाम राम प्रसाद से बदलकर गुजरमल कर लिया।

ललित मोदी के दादा ने बसाया मोदीनगर
पढ़ाई बीच में छोड़कर गुजरमल मोदी पिता के साथ व्यापार संभालने लगे। साल 1933 में उन्होंने अपने भाई केदार नाथ मोदी के साथ मिलकर मोदी समूह की कंपनियों और औद्योगिक शहर मोदीनगर ( modinagar) की स्थापना की।

गुजरमल को अंग्रेज सरकार ने रायबहादुर की उपाधि से नवाजा था। 22 जनवरी 1976 को देहांत से पहले गुजरमल के पास 900 करोड़ रुपये की संपत्ति था। 1,600 करोड़ रुपये की वार्षिक बिक्री के साथ भारत का उनका समूह देश का सातवां सबसे बड़ा समूह था।

बच्चे के लिए गुजरमल ने की थी दूसरी शादी
गुजरमल की पहली शादी राजबन देवी से हुई। राजबन से गुजरमल को दस बच्चे हुए, लेकिन सभी की या तो बचपन में ही या जन्म से पहले मौत हो गई। 1932 में गुजरमल ने अपनी बीमार पहली पत्नी और परिवार के बुजुर्गों के कहने पर दयावती मोदी से दूसरी शादी की। दयावती से गुजरमल को 11 बच्चे हुए। छह बेटियां और पांच बेटे। दूसरी शादी के आठ साल बाद 1940 में ललित मोदी के पिता कृष्ण कुमार मोदी का जन्म हुआ।

1961 में हुई थी ललित मोदी के माता-पिता की शादी
ललित मोदी के पिता केके मोदी की शादी 1961 बीना मोदी से हुई। 21 साल के केके मोदी की जब बीना से शादी हुई उस वक्त बीना दिल्ली में थाई रेस्टोरेंट चलाती थीं। बीना और केके मोदी के तीन बच्चे हुए। सबसे बड़ी बेटी चारू मोदी, उसके बाद ललित और समीर मोदी।

ललित की बहन शिक्षा तो भाई रिटेल बिजेनस संभालते हैं
ललित मोदी की बहन चारू मोदी भारती मोदी ग्रुप द्वारा चलाए जाने वाले एजुकेशनल वेंचर को संभालती हैं। चारू की दो बच्चे बेटी प्रियल और बेटी अशरथ हैं। प्रियल की शादी दुबाई के सराफा व्यापारी विशाल पनवानी से हुई है। ललित के भाई समीर मोदी मोदी समूह के रिटेल और कॉस्मेटिक वेंचर को संभालते हैं। समीर ने शिवानी से शादी की है। समीर और शिवानी की दो बेटियां वेदिका और जयती हैं।

मां की दोस्त से की थी ललित मोदी ने पहली शादी
केके मोदी के बड़े बेटे ललित जून 2015 भारत के वॉन्टेड की लिस्ट में शामिल हैं। देश से भागने के बाद से ललित मोदी लंदन में रह रहे हैं। ललित मोदी की पहली शादी के वक्त उनके परिवार में काफी हंगामा हुआ था। ललित को एक शादीशुदा महिला से प्यार हो गया था। ये महिला ललित की मां बीना की दोस्त मीनल थीं। मीनल ललित से नौ साल बड़ी थीं। मीनल की पहले पति से एक बेटी भी थी।

मीनल के लिए ललित कई साल तक अपने माता-पिता से भी अलग रहे। बीना की दोस्त होने के कारण ललित के संपर्क में आने वाली मीनल जन्म से हिंदू थी, लेकिन उसके पहले पति और उसकी बेटी करीमा दोनों मुस्लिम थे। ललित से प्यार होने के बाद मीनल ने अपने पति को तलाक दे दिया। इसके बाद मीनल और ललित ने शादी कर ली।
ललित के माता-पिता ने इसे स्वीकार नहीं किया। इस वजह से ललित कई साल तक अपने परिवार से अलग रहे। ललित और मीनल के दो बच्चे हैं। ललित मोदी की पत्नी मीनल की दिसंबर 2018 में कैंसर की वजह से मौत हो गई थी।

बेटा रुचिर और बेटी आलिया। इसके साथ ही ललित करीमा के सौतेले पिता भी हैं। करीमा की शादी डाबर समूह के विवेक बर्मन के बेटे गौरव बर्मन से हुई है।

Deepak Sharma
Deepak Sharma
इस न्यूज़ पोर्टल अतुल्यलोकतंत्र न्यूज़ .कॉम का आरम्भ 2015 में हुआ था। इसके मुख्य संपादक पत्रकार दीपक शर्मा हैं ,उन्होंने अपने समाचार पत्र अतुल्यलोकतंत्र को भी 2016 फ़रवरी में आरम्भ किया था। भारत सरकार के सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय से इस नाम को मान्यता जनवरी 2016 में ही मिल गई थी । आज के वक्त की आवाज सोशल मीडिया के महत्व को समझते हुए ही ऑनलाईन न्यूज़ वेब चैनल/पोर्टल को उन्होंने आरंभ किया। दीपक कुमार शर्मा की शैक्षणिक योग्यता B. A,(राजनीति शास्त्र),MBA (मार्किटिंग), एवं वे मानव अधिकार (Human Rights) से भी स्नातकोत्तर हैं। दीपक शर्मा लेखन के क्षेत्र में कई वर्षों से सक्रिय हैं। लेखन के साथ साथ वे समाजसेवा व राजनीति में भी सक्रिय रहे। मौजूदा समय में वे सिर्फ पत्रकारिता व समाजसेवी के तौर पर कार्य कर रहे हैं। अतुल्यलोकतंत्र मीडिया का मुख्य उद्देश्य राष्ट्रीय सरोकारों से परिपूर्ण पत्रकारिता है व उस दिशा में यह मीडिया हाउस कार्य कर रहा है। वैसे भविष्य को लेकर अतुल्यलोकतंत्र की कई योजनाएं हैं।
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