सीएम अशोक गहलोत ने मोदी सरकार को लिया आड़े हाथों, कहा बीजेपी कर रही है दोहरी चरित्र की राजनीति

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Jaipur/Atulya Loktantra : राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शुक्रवार को केंद्र की मोदी सरकार और भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) को आड़े हाथों लिया. गहलोत ने बीजेपी नेता जफर इस्लाम पर राजस्थान की कांग्रेस सरकार को गिराने की साजिश में शामिल होने का आरोप लगाया और कहा कि बीजेपी मुसलमानों को एक टिकट नहीं देती और मुसलमानों का इस्तेमाल सरकार गिराने में करती है.

मुसलमानों को लेकर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बीजेपी पर दोहरा चरित्र दिखाने का आरोप लगाया. गहलोत ने बीजेपी नेता जफर इस्लाम पर राजस्थान सरकार को गिराने की साजिश में शामिल होने का आरोप लगाते हुए कहा कि भारतीय जनता पार्टी मुसलमानों को एक टिकट नहीं देती और मुसलमानों का इस्तेमाल सरकार गिराने में करती है.

उन्होंने कहा, ‘यूपी के अंदर 400 से अधिक टिकट है. बिहार में ढाई सौ के आसपास सीट है. बीजेपी एक टिकट मुसलमान को नहीं देती. नरेंद्र मोदी ने कल अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में कितना प्यारा भाषण दिया. बहुत बड़े दिल के उदारवादी व्यक्तित्व के धनी हैं प्रधानमंत्री! कितना बड़ा अंतर है कथनी-करनी में. बीजेपी एक टिकट नहीं देती है मुसलमानों को और मुसलमानों का इस्तेमाल करती है सरकार गिराने में.’

मुख्यमंत्री गहलोत ने कहा, ‘हमारे समय में एक मुख्यमंत्री होटल में चला गया था तो उसको इस्तीफा देना पड़ गया. कानून मंत्री को इस्तीफा देना पड़ा, रेल मंत्री को इस्तीफा देना पड़ा पर इनके लिए मीडिया की नजर में सात खून माफ है.’

इतना संवेदनहीन नहीं होना चाहिएः गहलोत
केंद्र सरकार और किसानों के बीच कृषि कानूनों को लेकर चल रहे विवाद पर बोलते हुए राजस्थान मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि किसी को इतना संवेदनहीन नहीं होना चाहिए.

मुख्यमंत्री गहलोत ने कहा, ‘हमने किसानों के लिए कई कदम उठाए हैं. केंद्र ने जो तीन कानून बनाए थे, उसमें किसानों के हितों के लिए हमने संशोधन किया है. केंद्र सरकार को समझ नहीं आती है. जिस समय सर्दी में जयपुर में हमें घर में बैठने में तकलीफ होती है उस समय में किसान जंगल में पड़े हुए हैं. इतना संवेदनहीन नहीं होना चाहिए किसी को.’

किसानों के आंदोलन के बारे में गहलोत ने कहा कि चार राज्यों के मुख्यमंत्रियों जिसमें राजस्थान, छत्तीसगढ़, पुडुचेरी के मुख्यमंत्री शामिल हैं, ने राष्ट्रपति से मिलने के लिए लिखा. मुझे लगता है कि राष्ट्रपति ने दबाव में आकर हमसे मुलाकात नहीं की. नहीं तो और क्या कारण हो सकता है राष्ट्रपति का 4 राज्यों के मुख्यमंत्रियों से नहीं मिलने का? यहां पर राज्यपाल ने हमारे द्वारा किए गए कृषि कानूनों में संशोधनों को आगे नहीं भेजा है. क्यों नहीं भेज रहे? राहुल गांधी ने सही कहा कि देश में डेमोक्रेसी है कहां अब. यह दिखावे की डेमोक्रेसी है.

सचिन पायलट और गुट के नेताओं पर सीएम अशोक गहलोत ने कहा, ‘मैंने पहले कहा था और मैं मानता हूं फॉरगिव एंड फॉरगेट. यह एक बड़ी बात है जो कि मेरे पर भी लागू होती है अगर मेरे से कोई गलती हुई है तो फॉरगिव एंड फॉरगेट करना चाहिए.’

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